नई दिल्ली, 15 अगस्त 2026
Resident Doctors के Duty Hours को लेकर केंद्र सरकार ने Lok Sabha में अहम जानकारी दी है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने बताया कि Postgraduate Medical Education Regulations (PGMER), 2023 के तहत सभी Postgraduate Students को Full-Time Resident Doctors के रूप में काम करना होता है और उन्हें reasonable working hours के साथ दिन में पर्याप्त rest दिया जाना चाहिए। सरकार के अनुसार, नियमों का पालन नहीं होने पर Post Graduate Medical Education Board (PGMEB), NMC संबंधित Medical College या Institution के खिलाफ कार्रवाई और penalty की प्रक्रिया शुरू कर सकता है।
Duty Hours पर सरकार का जवाब
Health Ministry ने यह जानकारी Lok Sabha में पूछे गए सवालों के जवाब में दी। सवालों में यह पूछा गया था कि क्या देश के अलग-अलग Medical Colleges में Resident Doctors से निर्धारित सीमा से अधिक काम कराया जा रहा है और क्या कई जगहों पर Duty Hours 80 से 100 घंटे प्रति सप्ताह तक पहुंच रहे हैं। इसके जवाब में Ministry ने PGMER 2023 के Regulation 5.2(ii) का हवाला देते हुए कहा कि Postgraduate Students के लिए reasonable working hours और reasonable rest का प्रावधान है। साथ ही Regulation 9.1 के तहत non-compliance या omission की स्थिति में PGMEB Medical College या Institution पर penalty लगा सकता है।
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NMC को Action का अधिकार
सरकार ने स्पष्ट किया कि NMC के PGMEB को PGMER 2023 के Regulation 9.2 के तहत संबंधित Medical College या Institution के खिलाफ कार्रवाई करने का अधिकार है। यह जवाब ऐसे समय आया है जब Resident Doctors के Duty Hours को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं। सरकार ने यह भी बताया कि NMC की Anti-Ragging Committee ने 14 अगस्त 2024 को Medical Students और Resident Doctors की safety, well-being और working conditions से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की थी। इसके बाद NMC ने 13 अगस्त 2024 को Medical Colleges और Institutions के लिए Advisory भी जारी की थी।
State Governments की भी जिम्मेदारी
Health Ministry ने यह भी स्पष्ट किया कि Public Health and Hospitals State Subject हैं। इसलिए संबंधित State Governments और Union Territory Administrations अपने-अपने संस्थानों में doctors के working hours, service conditions और Duty Rosters के लिए स्थानीय जरूरतों तथा लागू service rules के आधार पर norms तय करते हैं। Ministry ने बताया कि Central Government Hospitals, AIIMS और Medical Colleges में healthcare professionals की सुरक्षा के लिए भी पहले निर्देश जारी किए जा चुके हैं। 16 अगस्त 2024 के Office Memorandum के तहत violence against doctors और healthcare personnel की घटनाओं में institutional FIR अधिकतम छह घंटे के भीतर दर्ज कराने के निर्देश दिए गए थे।
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Supreme Court में भी Duty Hours का मामला
Resident Doctors के Duty Hours का मुद्दा Supreme Court तक पहुंच चुका है। United Doctors’ Front (UDF) की ओर से दायर PIL में देशभर के Resident Doctors के कथित अत्यधिक और असंगत working hours को चुनौती दी गई है। याचिका में Health Ministry की 1992 की directive notification को लागू करने की मांग की गई है, जिसके अनुसार Resident Doctors की continuous duty 12 घंटे और कुल weekly duty 48 घंटे से अधिक नहीं होनी चाहिए। इस मामले की हालिया सुनवाई में Supreme Court ने Centre का counter affidavit रिकॉर्ड पर उपलब्ध नहीं होने के कारण सुनवाई टाल दी और मामले को 17 सितंबर के लिए सूचीबद्ध किया।
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दीपक अरोड़ा
पत्रकार (BAJMC ,LLB )
सोशल मीडिया एवं डिजिटल पत्रकारिता में 6 वर्षों से सक्रिय हैं, स्वास्थ्य, राजनीति, अपराध और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विषयों पर रिपोर्टिंग एवं विश्लेषणात्मक लेखन का अनुभव रखते हैं। पिछले तीन वर्षों से मेडिकल रिपोर्टर से जुड़े हैं।
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