उत्तर प्रदेश, 24 अगस्त 2026
उत्तर प्रदेश के Muzaffarnagar में 17 वर्षीय नाबालिग लड़की के कथित अपहरण और यौन अपराध के मामले में पुलिस ने एक डॉक्टर समेत दो लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, नाबालिग को तीन दिन तक चले तलाश अभियान के बाद बरामद किया गया। मामले की जांच के दौरान अलग-अलग स्थानों पर लगे करीब 600 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिससे संदिग्ध गतिविधियों और आरोपियों की आवाजाही का पता लगाने में मदद मिली। दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किए जाने के बाद शनिवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
तीन दिन बाद बरामद हुई नाबालिग
पुलिस के मुताबिक, नाबालिग के लापता होने की सूचना मिलने के बाद उसकी तलाश के लिए कई टीमों को लगाया गया था। जांच में पुलिस ने अलग-अलग स्थानों के करीब 600 CCTV कैमरों की फुटेज की जांच की। अधिकारियों का उद्देश्य नाबालिग की संभावित आवाजाही और मामले में संदिग्ध लोगों की गतिविधियों का पता लगाना था। करीब तीन दिन तक चले अभियान के बाद नाबालिग को शुक्रवार को बरामद कर लिया गया। पुलिस के अनुसार, इस मामले में एक आरोपी पर नाबालिग को कथित तौर पर ले जाने और डॉक्टर पर उसकी कथित मदद करने का आरोप है।
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मुठभेड़ के बाद एक आरोपी गिरफ्तार
नाबालिग के बरामद होने के बाद पुलिस ने उसी रात एक आरोपी को रोककर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, इस दौरान आरोपी ने कथित तौर पर पुलिस टीम पर हमला किया, जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई में गोली चलाई। आरोपी के पैर में गोली लगी और इसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। मामले में दूसरे आरोपी डॉक्टर को भी कथित भूमिका के आधार पर गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब उपलब्ध CCTV फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने तथा दोनों आरोपियों की अलग-अलग भूमिका निर्धारित करने में जुटी है।
BNS, POCSO और SC/ST Act में मामला
Muzaffarnagar के इस मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता यानी BNS, Protection of Children from Sexual Offences (POCSO) Act और Scheduled Castes and Scheduled Tribes (Prevention of Atrocities) Act की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, दर्ज मामले में कथित बलात्कार, सामूहिक बलात्कार, नाबालिग के खिलाफ यौन अपराध और अनुसूचित जाति के सदस्य के खिलाफ अपराध से संबंधित प्रावधान शामिल हैं। दोनों आरोपियों को अदालत में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है। मामले की जांच अभी जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया होगी।
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CCTV और साक्ष्यों की जांच जारी
Muzaffarnagar में सामने आए इस मामले की जांच के दौरान पुलिस CCTV फुटेज के अलावा अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की भी पड़ताल कर रही है। जांचकर्ताओं का उद्देश्य घटनाक्रम का क्रम स्पष्ट करना और दोनों आरोपियों की कथित भूमिकाओं का निर्धारण करना है। रिपोर्ट के अनुसार, कानून के तहत आगे की प्रक्रिया में नाबालिग का बयान भी दर्ज किया जाएगा। पीड़िता की मां ने मामले को गंभीर अपराध बताते हुए आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।
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दीपक अरोड़ा
पत्रकार (BAJMC ,LLB )
सोशल मीडिया एवं डिजिटल पत्रकारिता में 6 वर्षों से सक्रिय हैं, स्वास्थ्य, राजनीति, अपराध और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विषयों पर रिपोर्टिंग एवं विश्लेषणात्मक लेखन का अनुभव रखते हैं। पिछले तीन वर्षों से मेडिकल रिपोर्टर से जुड़े हैं।
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