नई दिल्ली, 23 मई 2026 (PIB)
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री Jagat Prakash Nadda ने शुक्रवार को नई दिल्ली में आयोजित National Board of Examinations in Medical Sciences के 23वें दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि “Healthy India ही Viksit Bharat 2047 की सबसे मजबूत नींव है।” उन्होंने कहा कि मजबूत स्वास्थ्य व्यवस्था के बिना आत्मनिर्भर और विकसित भारत की कल्पना संभव नहीं है।
26 हजार से ज्यादा डॉक्टरों को मिली डिग्री
दीक्षांत समारोह के दौरान देशभर के 26,396 उम्मीदवारों को DNB, DrNB, Diploma और FNB की योग्यताएं प्रदान की गईं। इसके साथ ही विभिन्न विषयों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 137 छात्रों को Gold Medal देकर सम्मानित किया गया।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह समारोह केवल डिग्री देने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों की मेहनत, समर्पण और संघर्ष का सम्मान है। उन्होंने कहा कि देश के युवा विशेषज्ञ भविष्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने में बड़ी भूमिका निभाएंगे।
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75,000 नई Medical Seats जोड़ने की घोषणा
Medical Education का विस्तार
कार्यक्रम में JP Nadda ने बताया कि केंद्र सरकार अगले पांच वर्षों में Undergraduate और Postgraduate Medical Education में 75,000 नई सीटें जोड़ेगी। उन्होंने कहा कि इनमें से लगभग 23,000 सीटें पिछले दो वर्षों में पहले ही जोड़ी जा चुकी हैं।
उन्होंने जानकारी दी कि देश में मेडिकल कॉलेजों की संख्या 387 से बढ़कर 818 हो चुकी है। वहीं MBBS सीटें बढ़कर करीब 1.28 लाख तक पहुंच गई हैं, जबकि Postgraduate मेडिकल सीटें लगभग 85,000 हो गई हैं।
AIIMS नेटवर्क पर भी फोकस
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जहां पहले देश में केवल एक AIIMS था, वहीं अब इसकी संख्या बढ़कर 23 हो चुकी है। उन्होंने बताया कि सरकार सभी AIIMS संस्थानों को AIIMS Delhi के स्तर तक मजबूत करने पर काम कर रही है ताकि वे अन्य मेडिकल कॉलेजों को भी मार्गदर्शन दे सकें।
11 नए Academic Courses लॉन्च
Specialized Healthcare को बढ़ावा
समारोह के दौरान केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने 11 नए Academic Courses का शुभारंभ भी किया। उन्होंने कहा कि ये कोर्स देश में Specialized Healthcare Services और बेहतर Patient Care को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
ONOS Initiative लॉन्च
कार्यक्रम में ‘One Nation One Subscription’ (ONOS) Initiative की भी शुरुआत की गई। इस पहल का उद्देश्य छात्रों, शोधकर्ताओं और फैकल्टी को उच्च स्तरीय Research Journals और Academic Publications तक समान पहुंच उपलब्ध कराना है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह पहल Medical Research और Academic Excellence को नई मजबूती देगी।
“Doctors ही Health System का Software”
अपने संबोधन में JP Nadda ने कहा कि सरकार स्वास्थ्य ढांचे और संस्थान बना सकती है, लेकिन डॉक्टर ही स्वास्थ्य व्यवस्था का वास्तविक “Software” हैं। उन्होंने कहा कि Medical Education केवल अधिकार नहीं बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी भी है।
उन्होंने नए डॉक्टरों से करुणा, ईमानदारी और सेवा भाव के साथ काम करने की अपील की। साथ ही Preventive Healthcare, Healthy Lifestyle और Non-Communicable Diseases (NCDs) के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया।
इस कार्यक्रम में केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव Punya Salila Srivastava, NBEMS अध्यक्ष Dr Abhijat Sheth, फैकल्टी सदस्य, छात्र और अभिभावक मौजूद रहे।
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