Bihar News, Patna: निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (VIB) ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए अरवल के सदर अस्पताल में तैनात ड्रग इंस्पेक्टर शैलेंद्र नारायण को 40 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। यह रिश्वत दवा दुकान का लाइसेंस जारी करने के एवज में ली जा रही थी।
ग्राम संतनगढ़ निवासी जितेंद्र सिंह ने निगरानी ब्यूरो के पटना कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि उन्होंने "मुस्कान मेडिकल एजेंसी" नाम से दवा की थोक दुकान खोलने के लिए आवेदन दिया था। लेकिन लाइसेंस देने के बदले ड्रग इंस्पेक्टर शैलेंद्र नारायण ने 40 हजार रुपये रिश्वत की मांग की।Bihar News: सत्यापन के बाद छापेमारी
शिकायत का सत्यापन निगरानी विभाग ने कराया, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद निगरानी डीजी के निर्देश पर डीएसपी विनोद कुमार पांडेय के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया। बुधवार को जैसे ही शिकायतकर्ता ने 40 हजार रुपये ड्रग इंस्पेक्टर को दिए, निगरानी टीम ने मौके पर छापा मारकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
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Bihar News: घर की तलाशी में बड़ी बरामदगी
गिरफ्तारी के बाद टीम ने शैलेंद्र नारायण के गोवर्धन चौक स्थित किराये के मकान की तलाशी ली। यहां से 2.30 लाख रुपये नकद, 12.90 लाख रुपये के जेवरात, विभिन्न बैंकों की तीन पासबुक और डाकघर की एक पासबुक जब्त की गई।
निगरानी का 61वां ट्रैप
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो द्वारा इस साल किया गया यह 61वां ट्रैप है। अधिकारियों के अनुसार तलाशी की कार्रवाई अभी जारी है। आरोपी ड्रग इंस्पेक्टर से पूछताछ के बाद उन्हें निगरानी की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा।

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