Ayushman Arogya Mandir: दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पंकज सिंह ने बुधवार को घोषणा की कि राज्य सरकार 'प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन' के तहत राष्ट्रीय राजधानी में 34 से 36 आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्थापित करने की योजना बना रही है।
उन्होंने कहा, "हम करीब 34 या 35 केंद्र खोलने की योजना बना रहे हैं। हालांकि, अंतिम संख्या 30 से 36 के बीच हो सकती है, जिसका ऐलान अगले 15 से 20 दिनों में किया जाएगा।"
विपक्ष पर साधा निशाना
स्वास्थ्य मंत्री ने हाल ही में नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) पर हमला बोला। उन्होंने कहा, "विपक्ष को सच्चाई स्वीकार करनी चाहिए। अगर कैग की रिपोर्ट में गड़बड़ियां सामने आई हैं, तो उन्हें बैठकर अपनी गलतियों की समीक्षा करनी चाहिए। उन्होंने दिल्ली के लोगों को धोखा दिया है और इन गलतियों की सजा उन्हें भुगतनी होगी।"
उन्होंने आगे कहा कि दिल्ली सरकार स्वास्थ्य सुविधाओं के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर ध्यान दे रही है और भ्रष्टाचार में लिप्त लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।
स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 12,893 करोड़ रुपये का बजट
रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 के बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 12,893 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। इस बजट का बड़ा हिस्सा आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के लिए निर्धारित किया गया है, जिससे दिल्ली के अधिक से अधिक परिवारों को सस्ती स्वास्थ्य सेवाएं और वित्तीय सुरक्षा मिल सके।
इसके अलावा, प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत 1,666.66 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिसमें से 320 करोड़ रुपये 400 नए स्वास्थ्य एवं कल्याण केंद्र (एचडब्ल्यूसी) बनाने के लिए रखे गए हैं। ये केंद्र आयुष्मान आरोग्य मंदिर (एएएम) के रूप में कार्य करेंगे।
डिजिटल हेल्थकेयर को मिलेगा बढ़ावा
बजट में आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत 9.92 करोड़ रुपये भी आवंटित किए गए हैं, जिसका उद्देश्य मरीजों के रिकॉर्ड को डिजिटल बनाकर स्वास्थ्य सेवाओं को सुगम बनाना है।
इसके अलावा, जन आरोग्य योजना के तहत गरीब परिवारों को आर्थिक सुरक्षा देने के लिए
147.64 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है, ताकि गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए मुफ्त और कैशलेस स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़े सुधार की तैयारी
राज्य सरकार स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए दो नए मेडिकल कॉलेज भी खोलने जा रही है। इसके अलावा, सरकारी अस्पतालों में 16,186 नए बेड जोड़े जाएंगे, जिससे मरीजों को बेहतर इलाज मिल सके।
दिल्ली सरकार का यह कदम स्वास्थ्य सुविधाओं के बुनियादी ढांचे को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।