आयुर्वेदिक

मुलेठी या यष्टिमधु

खबर का सार

पहचान। Glycyrrhiza glabra की जड़ से प्राप्त मुलेठी में glycyrrhizin हो सकता है। DGL लिखे उत्पादों में यह घटक हटाया या घटाया जाता है; दोनों को एक जैसा नहीं समझना चाहिए। गले या पाचन के पारंपरिक उपयोग से हर रोग में प्रभाव स

मुलेठी या यष्टिमधु — सांकेतिक संपादकीय चित्रण

पहचान। Glycyrrhiza glabra की जड़ से प्राप्त मुलेठी में glycyrrhizin हो सकता है। DGL लिखे उत्पादों में यह घटक हटाया या घटाया जाता है; दोनों को एक जैसा नहीं समझना चाहिए। गले या पाचन के पारंपरिक उपयोग से हर रोग में प्रभाव सिद्ध नहीं होता।

मुख्य जोखिम। glycyrrhizin रक्तचाप बढ़ा सकता है और पोटैशियम घटा सकता है; गंभीर स्थिति में हृदय की धड़कन प्रभावित हो सकती है। उच्च रक्तचाप, हृदय या गुर्दे के रोग तथा अधिक नमक सेवन में जोखिम बढ़ सकता है।

व्यावहारिक बात। रोज का काढ़ा भी औषधीय संपर्क हो सकता है। मूत्रवर्धक, स्टेरॉयड या अन्य दवाओं के साथ समीक्षा जरूरी है। कमजोरी, सूजन या धड़कन में बदलाव होने पर सहायता लें। गर्भावस्था में अधिक सेवन सुरक्षित मानकर न करें; बिना glycyrrhizin वाला उत्पाद भी स्वतः प्रभावी इलाज नहीं बनता।

परामर्श नोट किसी भी औषधि या उपचार को अपनाने अथवा बदलने से पहले योग्य पंजीकृत चिकित्सक से सलाह लें।

यह शैक्षिक संदर्भ लेख है। स्वतंत्र चिकित्सकीय सहकर्मी समीक्षा नहीं हुई है। शोध समीक्षा: 2026-10-10।

संदर्भ

  • NCCIH Licorice Root — स्वास्थ्य प्राधिकरण की जानकारी

चित्र: विषय का सांकेतिक संपादकीय चित्रण; किसी उपचार के प्रभाव का प्रमाण नहीं।